ranidurgawatisodhsansthanjbp@gmail.com

+91-0761-2426110

रानी दुर्गावती शोध संस्थान

गढ़ मंडला की महारानी दुर्गावती न केवल एक योद्धा थीं , अपितु पर्यावरण की संरक्षिका जनता के हितों की रक्षा करने वाली एक कुशल प्रशासक थीं। उन्होंने अपनी समय में कई नवाचार किया। सामाजिक समरसता को व्यक्तिगत जीवन में अपनाते हुए राजा दलपत शाह का वरण किया। स्त्रियों की शिक्षा, तालाब का निर्माण, मंदिर, महलों एवं गढ़ों का निर्माण, मुगल शासको से लोहा लेने हेतु समुचित व्यूह रचना का निर्माण इत्यादि।
रानी दुर्गावती का जन्म 5 अक्टूबर 1524 कालिंजर फोर्ट में हुआ और अंतिम सांसे उन्होंने 24 जून 1564 को नरई नाला जबलपुर में ली। उन्होंने अपने शासनकाल में समाज व देश को जो संदेश दिया वह आज भी अमर है। उनका यह संदेश की जो नारी घर की शोभा बन सकती है वह रणचंडी बनकर शत्रुओं पर प्रहार भी कर सकती है और कुशल प्रशासक बनकर जनता की सेवा भी कर सकती है। यह संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना कि उनके समय में था।

Testimonial

Home Testimonial

What Say Our Visitor!!!

Stay Update!!!

Get In Touch

1051, Golbazaar, Jabalpur M.P. 482002

ranidurgawatisodhsansthanjbp@gmail.com

+91-0761-2426110

Follow Us

© Rani Durgawati Sodh Sansthan Jabalpur. All Rights Reserved. Powered by Indian Tech Corporation